“नो एंट्री” आंदोलनकारियों को समय देने के बावजूद मंत्री अनुपस्थित

चाईबासा, 07 दिसंबर : चाईबासा में “नो एंट्री” की मांग को लेकर संघर्ष कर रहे आंदोलनकारियों को रविवार को फिर निराशा का सामना करना पड़ा। प्रतिनिधिमंडल को परिवहन मंत्री के चाईबासा स्थित कार्यालय में सुबह 8:30 बजे मिलने का समय दिया गया था, लेकिन निर्धारित समय पर मंत्री मौजूद नहीं रहे। आंदोलनकारी लगभग 9:30 बजे तक इंतजार करते रहे। इसके बाद संदेश आया कि मंत्री अपने गांव में हैं।
मजबूरन प्रतिनिधिमंडल ने अपना ज्ञापन मंत्री के सचिव सुभाष बनर्जी को सौंपा। आंदोलनकारियों ने इसे अपनी तौहीन बताते हुए कहा कि गंभीर जनमुद्दों पर सरकार की यह उदासीनता चिंता जनक है।
प्रतिनिधिमंडल में प्रमुख रूप से सुरेश सोय, रमेश बालमुचू, महेंद्र जामुदा, बमेया बारी, रेयांस सामड, वासिल प्रेम हेंब्रम, बनमाली तमसोय, चंद्र मोहन बिरुवा, संदीप देवगम सहित कई सामाजिक कार्यकर्ता और आंदोलनकारी उपस्थित थे।
फ़िलहाल “नो एंट्री” मुद्दे पर मंत्री की अनुपस्थिति ने आंदोलनकारियों के असंतोष को और गहरा कर दिया है।



