छात्रवृत्ति भुगतान में देरी के खिलाफ आजसू छात्र संघ का ‘शिक्षा के लिए भिक्षा : जनाक्रोश मार्च’ गुरुवार को 

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छात्रवृत्ति भुगतान में देरी के खिलाफ आजसू छात्र संघ का ‘शिक्षा के लिए भिक्षा : जनाक्रोश मार्च’ गुरुवार को 

राँची, 26 नवंबर : झारखंड में लाखों विद्यार्थियों की लंबित छात्रवृत्ति के मुद्दे पर आजसू छात्र संघ ने सरकार के खिलाफ मोर्चा तेज कर दिया है। इसी क्रम में संगठन ने गुरुवार को बापू वाटिका, मोराबादी से राजभवन तक ‘शिक्षा के लिए भिक्षा : जनाक्रोश मार्च’ निकालने की घोषणा की है। मार्च के बाद राज्यपाल को ज्ञापन सौंपकर छात्रवृत्ति भुगतान में हो रही देरी पर तत्काल हस्तक्षेप की मांग की जाएगी।

आजसू केंद्रीय कार्यालय में आयोजित प्रेस वार्ता में आजसू छात्र संघ के प्रदेश अध्यक्ष ओम वर्मा, कार्यकारी अध्यक्ष बबलू महतो, वरीय उपाध्यक्ष ऋतुराज शाहदेव एवं युवा आजसू रांची नगर अध्यक्ष अमित यादव ने बताया कि सत्र 2024–25 की पोस्ट-मैट्रिक छात्रवृत्ति के लिए राज्य के एससी, एसटी एवं ओबीसी वर्ग के लाखों छात्र कई महीनों से प्रतीक्षा कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि छात्रवृत्ति में देरी केवल प्रशासनिक लापरवाही ही नहीं, बल्कि सरकार की उदासीनता को दर्शाती है, जिससे विद्यार्थियों की शिक्षा और भविष्य दोनों प्रभावित हो रहे हैं।

नेताओं ने बताया कि सरकार के आंकड़ों के अनुसार 11.34 लाख छात्रों को छात्रवृत्ति मिलनी थी, लेकिन अब तक सिर्फ 7.45 लाख विद्यार्थियों को आंशिक भुगतान किया गया है। वहीं 3.5 लाख से अधिक ओबीसी छात्र पहली किस्त के इंतजार में हैं। रांची, लोहरदगा, गुमला, हजारीबाग, रामगढ़, गिरिडीह, धनबाद और बोकारो सहित कई जिलों में छात्र पिछले एक महीने से धरना–प्रदर्शन कर रहे हैं, परंतु सरकार की ओर से कोई ठोस प्रतिक्रिया नहीं आई है।

छात्र संघ ने घोषणा की कि 27 नवंबर को आयोजित होने वाला मार्च शांतिपूर्ण और विधिसम्मत होगा।

 

मार्च का विवरण:

तिथि: 27 नवंबर 2025, समय: सुबह 10:00 बजे

स्थान: बापू वाटिका, मोराबादी से राजभवन, राँची

उद्देश्य: लंबित छात्रवृत्ति भुगतान की समस्या पर सरकार का ध्यान आकर्षित करना एवं जन-जागृति लाना।

राज्यपाल से प्रमुख मांगों में—छात्रवृत्ति भुगतान में सरलीकरण, लंबित आवेदनों की स्थिति e-Kalyan पोर्टल पर सार्वजनिक करने, और सभी पात्र विद्यार्थियों को शीघ्र भुगतान सुनिश्चित करने की अपील शामिल है।

कार्यकारी अध्यक्ष बबलू महतो ने कहा कि जब तक हर छात्र को उसकी पूरी छात्रवृत्ति नहीं मिल जाती, आंदोलन जारी रहेगा। यह संघर्ष केवल छात्रवृत्ति का नहीं, बल्कि अधिकार और जवाबदेही की लड़ाई है।

प्रदेश उपाध्यक्ष ऋतुराज शाहदेव ने कहा कि छात्रवृत्ति कोई दया नहीं, बल्कि विद्यार्थियों का अधिकार है और सरकार की चुप्पी ने उनका अकादमिक वर्ष खतरे में डाल दिया है।

प्रदेश अध्यक्ष ओम वर्मा ने कहा कि यह आंदोलन किसी एक दल का नहीं, बल्कि उन लाखों विद्यार्थियों का है जो समान अवसर और सम्मानजनक भविष्य की उम्मीद रखते हैं।

प्रेस वार्ता में डॉ. अमित साहू, रवि रोशन, सक्षम झा, अमन साहू सहित कई छात्र नेता उपस्थित रहे।

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