रांची/जमशेदपुर, 01 जुलाई : जमशेदपुर के चर्चित हिमांशु हत्याकांड के बाद राज्य सरकार ने कानून-व्यवस्था को लेकर बड़ा प्रशासनिक कदम उठाया है। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने पूर्वी सिंहभूम के वरीय पुलिस अधीक्षक (SSP) और सरायकेला-खरसावां की पुलिस अधीक्षक (SP) को तत्काल प्रभाव से निलंबित करने का निर्देश दिया है। दोनों अधिकारियों को पुलिस मुख्यालय से संबद्ध कर दिया गया है।
मुख्यमंत्री ने सोशल मीडिया मंच ‘X’ पर जानकारी देते हुए कहा कि विधि-व्यवस्था बनाए रखने में विफलता तथा आपराधिक गतिविधियों पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित करने में लापरवाही के कारण यह कार्रवाई की गई है। उन्होंने स्पष्ट किया कि राज्य में जनता की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और अपराधियों के साथ-साथ लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों पर भी कठोर कार्रवाई होगी।
वरिष्ठ अधिकारियों को सौंपी गई जिम्मेदारी
मुख्यमंत्री ने स्थिति की निगरानी के लिए वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों को सीधे मैदान में उतरने का निर्देश दिया है। चाईबासा प्रमंडल के आयुक्त और रांची के ADG को प्रभावित क्षेत्र में लगातार कैंप कर प्रतिदिन समीक्षा करने को कहा गया है। वहीं, DIG को जमशेदपुर में रहकर कानून-व्यवस्था की निगरानी की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
क्या है हिमांशु हत्याकांड?
बताया जाता है कि जमशेदपुर के बिष्टुपुर स्थित डबल डाउन बार में हिमांशु और उसके दोस्त प्रत्युष की कुछ युवकों से कहासुनी हो गई थी। विवाद के बाद बार के बाहर बदमाशों ने कथित तौर पर पुलिस की मौजूदगी में दोनों पर चाकू से हमला कर दिया। गंभीर रूप से घायल हिमांशु की इलाज के दौरान TMH में मौत हो गई, जबकि इस घटना ने पूरे शहर में कानून-व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए।
सरकार का स्पष्ट संदेश
इस कार्रवाई को केवल एक प्रशासनिक फैसला नहीं, बल्कि पुलिस व्यवस्था को जवाबदेह बनाने की दिशा में सरकार का सख्त संदेश माना जा रहा है। मुख्यमंत्री ने साफ किया है कि अपराध नियंत्रण में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और जनता की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए हर आवश्यक कदम उठाया जाएगा।
हिमांशु हत्याकांड के बाद हुई इस बड़ी कार्रवाई से पुलिस महकमे में हलचल तेज हो गई है, जबकि राजनीतिक और सामाजिक हलकों में भी इसे सरकार की जवाबदेही तय करने वाली महत्वपूर्ण पहल के रूप में देखा जा रहा है।