फर्नेस ब्लास्ट के बाद फूटा ग्रामीणों का गुस्सा, गैलेक्सी प्लांट का गेट जाम

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घनी आबादी के बीच संचालित प्लांट को हटाने की मांग, सुरक्षा को लेकर दहशत में ग्रामीण

चांडिल, 17 जून : सरायकेला-खरसावां जिले के चांडिल थाना क्षेत्र अंतर्गत भुइयांडीह स्थित गैलेक्सी एक्सपोर्ट इंगोट प्लांट में मंगलवार को हुए फर्नेस ब्लास्ट के बाद ग्रामीणों का आक्रोश फूट पड़ा है। बुधवार को बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने प्लांट के मुख्य गेट को जाम कर कंपनी के खिलाफ विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया। ग्रामीणों ने गेट के समीप पत्थर एवं बांस-बल्लियां लगाकर कंपनी परिसर में किसी भी व्यक्ति के प्रवेश पर रोक लगा दी है।

ग्रामीणों का आरोप है कि मंगलवार को हुए फर्नेस ब्लास्ट के दौरान तेज धमाके से पूरा इलाका दहल उठा था। विस्फोट के बाद उठे धूल और धुएं के गुबार से पूरा भुइयांडीह क्षेत्र प्रभावित हो गया था। घटना में प्लांट के दो कर्मी गंभीर रूप से झुलस गए थे, जबकि एक अन्य कर्मी बाल-बाल बच गया था। घायलों का इलाज जमशेदपुर में चल रहा है।

प्रदर्शन कर रहे ग्रामीणों का कहना है कि घनी आबादी के बीच स्थापित इस प्लांट में आए दिन दुर्घटनाएं और तकनीकी गड़बड़ियां होती रहती हैं, जिससे आसपास के लोगों की सुरक्षा पर लगातार खतरा बना हुआ है। उनका कहना है कि यदि भविष्य में इससे भी बड़ा विस्फोट हुआ तो आसपास के घरों को भारी क्षति पहुंच सकती है और जनहानि की भी आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता।

ग्रामीणों ने प्लांट को आबादी क्षेत्र से हटाकर किसी अन्य स्थान पर स्थानांतरित करने, औद्योगिक सुरक्षा मानकों की उच्चस्तरीय जांच कराने तथा स्थानीय लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की है। घटना के बाद से ग्रामीणों में भय और असुरक्षा का माहौल है। कई ग्रामीणों ने कहा कि वे अपने परिवारों की सुरक्षा को लेकर चिंतित हैं और जब तक उनकी मांगों पर ठोस पहल नहीं होती, आंदोलन जारी रहेगा।

इधर, गेट जाम की सूचना मिलते ही चांडिल पुलिस एवं प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे। पुलिस ग्रामीणों को समझाने-बुझाने और आंदोलन समाप्त कराने का प्रयास कर रही है। वहीं, फर्नेस ब्लास्ट के कारणों की जांच भी जारी है। प्रशासन की ओर से अभी तक मामले में कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है।

फिलहाल पूरे क्षेत्र में घटना को लेकर चर्चा का माहौल है और लोगों की निगाहें प्रशासन तथा प्लांट प्रबंधन की आगामी कार्रवाई पर टिकी हुई हैं।

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