ईचागढ़ के तामारी गांव में नशा मुक्ति को लेकर ग्रामीणों ने ली शपथ

ईचागढ़, 11 जनवरी : ईचागढ़ प्रखंड अंतर्गत तामारी गांव में रविवार को नशा मुक्ति जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में जिला विधिक सेवा प्राधिकार के पीएलवी कार्तिक गोप ने ग्रामीणों को नशे से दूर रहने का संकल्प दिलाया। इस अवसर पर उन्होंने शराब (दारू) के सेवन से होने वाले गंभीर शारीरिक, मानसिक एवं सामाजिक दुष्परिणामों की विस्तार से जानकारी दी।
पीएलवी ने बताया कि शराब पीने से लिवर से संबंधित गंभीर बीमारियां हो सकती हैं, जो जानलेवा साबित होती हैं। इसके अलावा पाचन तंत्र पर बुरा प्रभाव पड़ता है, जिससे गैस, अल्सर, दस्त, कब्ज एवं पोषक तत्वों की कमी हो जाती है। उन्होंने कहा कि शराब मस्तिष्क को भी नुकसान पहुंचाती है, जिससे याद शक्ति कमजोर होती है, डिप्रेशन, चिंता, नशे की लत और आत्महत्या का खतरा बढ़ जाता है।
कार्यक्रम में यह भी बताया गया कि शराब से हृदय रोग, उच्च रक्तचाप, स्ट्रोक, विभिन्न प्रकार के कैंसर, हड्डियों की कमजोरी तथा मांसपेशियों की क्षति होती है। गर्भवती महिलाओं द्वारा शराब सेवन से गर्भस्थ शिशु को गंभीर नुकसान पहुंच सकता है। सामाजिक स्तर पर शराब झगड़े, हिंसा और पारिवारिक विघटन का कारण बनती है।
अंत में “शराब छोड़ो, जान बचाओ, परिवार को बर्बाद होने से बचाओ” का संदेश देते हुए सभी उपस्थित ग्रामीणों ने नशा मुक्त जीवन अपनाने का संकल्प लिया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित थे।



