आदित्यपुर में सफाई व्यवस्था पर संकट के आसार – न्यूनतम मजदूरी और PF-ESI की मांग पर सफाई कर्मियों का अनिश्चितकालीन धरना
आदित्यपुर, 01 जुलाई : आदित्यपुर नगर निगम में कार्यरत सफाई कर्मियों ने अपनी विभिन्न मांगों को लेकर आंदोलन का बिगुल फूंक दिया है। न्यूनतम मजदूरी, PF और ESI जैसी मूलभूत सुविधाओं की मांग को लेकर बुधवार से 100 से अधिक सफाई कर्मी नगर निगम कार्यालय के बाहर अनिश्चितकालीन धरने पर बैठ गए। आंदोलन का नेतृत्व भाजपा नेत्री डिंपल लमाई कर रही हैं।
धरना शुरू होने के साथ ही शहर की सफाई व्यवस्था पर असर पड़ने की आशंका भी गहरा गई है। यदि आंदोलन लंबा खिंचता है तो मानसून के बीच कचरा उठाव बाधित होने से स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं उत्पन्न हो सकती हैं।
सरकार की तय मजदूरी से कम भुगतान का आरोप
प्रदर्शन कर रहे सफाई कर्मियों का आरोप है कि नगर निगम क्षेत्र को सफाई कार्य के लिए सात जोन में विभाजित किया गया है और प्रत्येक जोन में लगभग 25-25 कर्मियों की तैनाती है। इसके बावजूद ठेकेदार सरकार द्वारा निर्धारित न्यूनतम मजदूरी के बजाय मात्र 350 रुपये प्रतिदिन का भुगतान कर रहा है। कर्मियों का कहना है कि इतनी कम मजदूरी में परिवार का भरण-पोषण करना मुश्किल हो गया है।
PF-ESI नहीं, मांग उठाने पर धमकी
सफाई कर्मियों ने आरोप लगाया कि उन्हें भविष्य निधि (PF) और कर्मचारी राज्य बीमा (ESI) जैसी कानूनी सुविधाओं से भी वंचित रखा गया है। उनका कहना है कि जब भी वे अपने अधिकारों की मांग करते हैं, ठेकेदार उन्हें काम से निकालने और अन्य तरह की धमकियां देता है। इससे कर्मियों में भय और असंतोष का माहौल है।
निगम प्रशासन की चुप्पी पर सवाल
धरना-प्रदर्शन के दौरान नगर निगम का कोई भी जिम्मेदार अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचा। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि कई बार शिकायत करने के बावजूद उनकी समस्याओं पर कोई पहल नहीं की गई, जिससे उन्हें आंदोलन का रास्ता अपनाना पड़ा।
डिंपल लमाई ने दी आंदोलन तेज करने की चेतावनी
धरने का नेतृत्व कर रहीं भाजपा नेत्री डिंपल लमाई ने कहा कि सफाई कर्मी शहर को स्वच्छ रखने में सबसे महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं, लेकिन उन्हें उनका हक नहीं मिल रहा है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि जल्द ही न्यूनतम मजदूरी लागू नहीं की गई, PF-ESI की सुविधा सुनिश्चित नहीं हुई और दोषी ठेकेदार के खिलाफ कार्रवाई नहीं की गई, तो आंदोलन को और व्यापक बनाया जाएगा।
काम बहिष्कार की भी चेतावनी
धरने पर बैठे सफाई कर्मियों ने स्पष्ट कहा है कि उनकी सभी मांगें पूरी होने तक आंदोलन जारी रहेगा। यदि प्रशासन ने जल्द समाधान नहीं निकाला तो वे सफाई कार्य का बहिष्कार भी कर सकते हैं, जिससे पूरे शहर की सफाई व्यवस्था प्रभावित होने की संभावना है।