विस्थापित जमीन पर बीयर बार खोलने के विरोध में उतरे ग्रामीण, पीएम आवास का निर्माण रुकवाने का भी आरोप

MANBHUM UPDATES
2 Min Read

कपाली के कामारगोड़ा में जमीन की नापी के बाद भू-अर्जन पदाधिकारी ने बुद्धेश्वर महतो को मकान बनाने की दी अनुमति, पुलिस की मौजूदगी में हुई मापी

चांडिल, 04 नवंबर : सरायकेला-खरसावां जिले के कपाली ओपी क्षेत्र में पुनर्वास की जमीन पर बीयर बार खोलने की कथित तैयारी ने कामारगोड़ा में विवाद खड़ा कर दिया है। बार खोले जाने की सूचना मिलते ही स्थानीय विस्थापित ग्रामीणों ने इसका विरोध शुरू कर दिया है। विवाद तब और गहरा गया, जब ग्रामीणों ने एक व्यक्ति पर बार से सटी जमीन पर बन रहे प्रधानमंत्री आवास योजना के मकान का निर्माण कार्य रुकवाने का आरोप लगाया। इसके बाद ग्रामीण लामबंद हो गए और संबंधित विभागों में लिखित शिकायत दर्ज कराई।

ग्रामीणों की शिकायत पर भू-अर्जन पदाधिकारी के निर्देश पर बुधवार को पुलिस प्रशासन की मौजूदगी में विवादित जमीन की मापी कराई गई। मापी के दौरान 12.30 डिसमिल जमीन विस्थापित बुद्धेश्वर महतो के हिस्से में पाई गई। स्थानीय लोगों के अनुसार, भू-अर्जन पदाधिकारी ने बुद्धेश्वर महतो को उक्त जमीन पर अपना आवास निर्माण कराने की अनुमति दी है।

इस कार्रवाई के बाद बुद्धेश्वर महतो के आवास निर्माण का रास्ता साफ होने की उम्मीद जगी है। वहीं, विस्थापित जमीन पर बीयर बार खोलने के प्रस्ताव को लेकर ग्रामीणों का विरोध अब भी जारी है।

ग्रामीणों का कहना है कि विस्थापितों को मिली जमीन पर उनके अधिकारों की रक्षा होनी चाहिए। किसी भी परिस्थिति में उनके आवास निर्माण में बाधा नहीं पहुंचाई जानी चाहिए। फिलहाल, प्रशासन की अगली कार्रवाई पर ग्रामीणों की नजरें टिकी हैं।

Share This Article