

उपायुक्त ने अधिकारियों को सतर्क रहने का दिया निर्देश, लोगों से खराब मौसम में अनावश्यक आवागमन से बचने की अपील
सरायकेला, 27 अक्टूबर : बंगाल की खाड़ी में बने अवदाब के प्रभाव से सरायकेला-खरसावां जिले में 27 से 30 अक्टूबर तक तेज हवा, गर्जन-वज्रपात और कहीं-कहीं भारी बारिश होने की संभावना है। इसे देखते हुए उपायुक्त-सह-जिला दंडाधिकारी नितिश कुमार सिंह ने संबंधित विभागों के अधिकारियों को सतर्क रहने और आवश्यक एहतियाती तैयारी सुनिश्चित करने का निर्देश दिया है।
उपायुक्त ने नगर निकायों, प्रखंड विकास पदाधिकारियों, अंचल अधिकारियों और थाना प्रभारियों को अपने-अपने क्षेत्रों में मौसम की स्थिति पर लगातार नजर रखने तथा आपात परिस्थितियों से निपटने के लिए तैयार रहने को कहा है। निचले इलाकों, जलभराव की आशंका वाले क्षेत्रों और संवेदनशील स्थलों पर विशेष निगरानी रखने का निर्देश दिया गया है। साथ ही नालियों की सफाई और जल निकासी की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा गया है।
तेज हवा और भारी बारिश के दौरान पेड़ गिरने, बिजली के तार क्षतिग्रस्त होने तथा आवागमन बाधित होने की आशंका को देखते हुए संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ काम करने का निर्देश दिया गया है। विद्युत विभाग को संभावित व्यवधानों और दुर्घटनाओं से निपटने के लिए सतर्क रहने तथा किसी भी तरह की क्षति होने पर त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा गया है।
उपायुक्त ने आम नागरिकों से अपील की है कि खराब मौसम के दौरान अनावश्यक रूप से घर से बाहर निकलने से बचें। गर्जन-वज्रपात के समय खुले मैदान, पेड़ों, बिजली के खंभों और विद्युत तारों के पास खड़े न हों। सुरक्षित पक्के भवन में शरण लें और तेज हवा के दौरान कमजोर संरचनाओं तथा असुरक्षित होर्डिंग से दूर रहें।
उन्होंने बिजली के टूटे तारों और गिरे खंभों को नहीं छूने तथा उनसे सुरक्षित दूरी बनाए रखने की सलाह दी है। ऐसी स्थिति में तत्काल विद्युत विभाग को सूचना दें और क्षतिग्रस्त तारों या उपकरणों की मरम्मत स्वयं करने का प्रयास न करें।
उपायुक्त ने नागरिकों से मौसम संबंधी आधिकारिक सूचनाओं पर ध्यान देने और किसी भी आपात स्थिति में स्थानीय प्रशासन को तत्काल सूचित करने का अनुरोध किया है। उन्होंने लोगों से स्वयं के साथ अपने परिवार और आसपास के लोगों की सुरक्षा का भी ध्यान रखने की अपील की है।



