राजनगर में 7 सितंबर को झामुमो का विशाल धरना, खान-खनिज संशोधन विधेयक के खिलाफ होगा प्रदर्शन
राजनगर, 26 अगस्त : केंद्र सरकार के प्रस्तावित खान एवं खनिज (विकास एवं विनियमन) संशोधन विधेयक, 2026 के विरोध में झारखंड मुक्ति मोर्चा ने आंदोलन की तैयारी शुरू कर दी है। झामुमो राजनगर प्रखंड कमेटी की ओर से आगामी 7 सितंबर को राजनगर प्रखंड मुख्यालय में विशाल धरना-प्रदर्शन आयोजित करने का निर्णय लिया गया है। पार्टी ने इस आंदोलन में बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं और समर्थकों से शामिल होने की अपील की है।
धरना-प्रदर्शन की तैयारियों को लेकर राजनगर में झामुमो कार्यकर्ताओं की बैठक आयोजित की गई। बैठक के बाद कार्यकर्ताओं ने सिदो-कान्हू चौक के समीप केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए प्रस्तावित विधेयक को वापस लेने की मांग की। कार्यकर्ताओं ने कहा कि झारखंड की खनिज संपदा राज्य की अर्थव्यवस्था, रोजगार और विकास के साथ-साथ राज्य के अधिकारों से भी जुड़ा महत्वपूर्ण विषय है।
झामुमो के केंद्रीय सदस्य विश्व हेंब्रम ने कहा कि प्रस्तावित संशोधन झारखंड के हित में नहीं है। उन्होंने कहा कि राज्य की खनिज संपदा और उससे जुड़े अधिकारों पर किसी भी प्रकार का असर स्वीकार नहीं किया जाएगा। उन्होंने केंद्र सरकार से विधेयक पर पुनर्विचार कर इसे वापस लेने की मांग की। साथ ही कहा कि यदि जरूरत पड़ी तो झामुमो इस मुद्दे को लेकर व्यापक आंदोलन करेगा।
वहीं, झामुमो राजनगर प्रखंड अध्यक्ष राम सिंह हेंब्रम ने कहा कि झारखंड खनिज संपदा से समृद्ध राज्य है और खनन से प्राप्त होने वाला राजस्व राज्य के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। उन्होंने आशंका जताई कि प्रस्तावित संशोधन के बाद यदि राज्य के अधिकार और राजस्व प्रभावित होते हैं, तो इसका सीधा असर विकास कार्यों और जनकल्याणकारी योजनाओं पर पड़ सकता है।
झामुमो नेताओं ने कहा कि झारखंड के प्राकृतिक संसाधनों और राज्य के हितों से जुड़े मुद्दों पर पार्टी किसी भी तरह का समझौता नहीं करेगी। पार्टी की ओर से 7 सितंबर को राजनगर प्रखंड मुख्यालय में आयोजित होने वाले धरना-प्रदर्शन को सफल बनाने के लिए कार्यकर्ताओं से व्यापक स्तर पर तैयारी करने की अपील की गई है।
बैठक और विरोध-प्रदर्शन में प्रखंड अध्यक्ष राम सिंह हेंब्रम, केंद्रीय सदस्य विश्व हेंब्रम, प्रखंड उपाध्यक्ष भुगतू माड़ी, दिलीप कुमार महतो, दुर्गा लाल मुर्मू, घसीराम सोरेन, शेखर महाकुड, संजय हांसदा, सीताराम हांसदा, राजाराम सरदार, यसमंत सरदार, कार्तिक महाकुड, सुकलाल मुमू, सिविल देवगांव, सोनाराम मार्डी, तापस बिसोय, बरसा टुडू और ठाकुरा मुर्मू समेत बड़ी संख्या में कार्यकर्ता मौजूद रहे।
झामुमो के आंदोलन के ऐलान के बाद राजनगर में खान-खनिज संशोधन विधेयक को लेकर राजनीतिक गतिविधियां तेज हो गई हैं। अब 7 सितंबर को प्रस्तावित धरना-प्रदर्शन के दौरान पार्टी किस तरह अपना विरोध दर्ज कराती है, इस पर राजनीतिक और प्रशासनिक हलकों की नजर रहेगी।



