22 मार्च को भव्य बाहा (सरहुल) सेंदरा यात्रा, तैयारी बैठक संपन्न

चांडिल, 10 मार्च : आगामी 22 मार्च को चांडिल अनुमंडल स्तरीय भव्य बाहा (सरहुल) सेंदरा यात्रा के आयोजन को लेकर दिशोम जाहेरगढ़, चांडिल गोलचक्कर में एक महत्वपूर्ण तैयारी बैठक आयोजित की गई। बैठक में पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ सेंदरा यात्रा को भव्य और सफल बनाने को लेकर विस्तृत चर्चा की गई।
वक्ताओं ने कहा कि बाहा (सरहुल) आदिवासी समाज का प्रमुख और पवित्र पर्व है, जो प्रकृति, जल, जंगल और जमीन के प्रति आस्था और सम्मान का प्रतीक है। इस पर्व के अवसर पर समाज के लोग एकजुट होकर पारंपरिक पूजा-अर्चना करते हैं तथा सेंदरा यात्रा के माध्यम से अपनी समृद्ध संस्कृति और परंपरा का प्रदर्शन करते हैं।
बैठक में सेंदरा यात्रा को शांतिपूर्ण, अनुशासित और आकर्षक ढंग से संपन्न कराने के लिए विभिन्न पहलुओं पर विचार-विमर्श किया गया। यात्रा में पारंपरिक वाद्य-यंत्रों, नृत्य-गीतों तथा सांस्कृतिक झांकियों को शामिल करने का निर्णय लिया गया, ताकि कार्यक्रम को भव्य स्वरूप दिया जा सके। साथ ही विभिन्न सामाजिक संगठनों, युवाओं और समुदाय के लोगों से अधिक से अधिक संख्या में भागीदारी सुनिश्चित करने की अपील की गई।
बैठक में निर्णय लिया गया कि सेंदरा यात्रा के सफल संचालन के लिए अलग-अलग समितियों का गठन कर जिम्मेदारियां तय की जाएंगी, ताकि कार्यक्रम को व्यवस्थित और सफल बनाया जा सके। मौके पर झारखंड दिशोम जाहेरगढ़ के अध्यक्ष दिलीप किस्कू, बैधनाथ टुडू, प्रकाश मार्डी, डोमन बास्के, सोनाराम मार्डी, राधेश्याम भूमिज, महावीर हांसदा, मोतीलाल सोरेन, सिमल बेसरा, संजय हांसदा सहित अन्य गणमान्य लोग उपस्थित थे। बैठक में सभी ने एकजुट होकर सेंदरा यात्रा को सफल बनाने का संकल्प लिया।



