पारदर्शी शासन की नई मिसाल: सरायकेला–खरसावां में सीज बालू की ऑनलाइन नीलामी से ₹2.30 करोड़ का रिकॉर्ड राजस्व

सरायकेला/ईचागढ़, 21 जनवरी : सरायकेला–खरसावां जिला प्रशासन ने प्रशासनिक पारदर्शिता, तकनीक आधारित सुशासन एवं राजस्व संवर्धन की दिशा में एक ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की है। झारखंड राज्य में पहली बार सीज (जप्त) बालू की पूरी तरह पारदर्शी ऑनलाइन नीलामी सफलतापूर्वक संपन्न कराई गई, जिससे राज्य को ₹2.30 करोड़ का महत्वपूर्ण राजस्व प्राप्त हुआ।
जिला प्रशासन द्वारा विधिसम्मत प्रक्रिया के तहत कुल लगभग 12 लाख घन फीट सीज बालू की ऑनलाइन नीलामी की गई। नीलामी का आधार मूल्य ₹1.72 करोड़ निर्धारित किया गया था, किंतु प्रतिस्पर्धात्मक बोली के चलते यह राशि बढ़कर ₹2.30 करोड़ तक पहुँच गई। इससे यह स्पष्ट हुआ कि पारदर्शी एवं तकनीक आधारित प्रणाली से अपेक्षा से अधिक राजस्व अर्जित किया जा सकता है।
इस उपलब्धि पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए उपायुक्त नितिश कुमार सिंह ने कहा कि जब्त खनिज संसाधनों के निपटान हेतु ऑनलाइन नीलामी प्रणाली अपनाना सुशासन की दिशा में एक प्रभावी कदम है। उन्होंने बताया कि इससे न केवल अवैध खनन पर प्रभावी नियंत्रण संभव होता है, बल्कि राज्य के लिए वैध एवं अतिरिक्त राजस्व स्रोत भी सृजित होते हैं।
उपायुक्त ने यह भी स्पष्ट किया कि भविष्य में जिले में अवैध खनन के विरुद्ध की गई कार्रवाइयों के तहत जब्त खनिजों के निपटान हेतु इसी प्रकार की पारदर्शी, प्रतिस्पर्धात्मक एवं तकनीक आधारित ऑनलाइन प्रक्रिया को प्राथमिकता दी जाएगी, ताकि संसाधनों का न्यायसंगत उपयोग सुनिश्चित हो और राज्य को अधिकतम लाभ प्राप्त हो सके।
यह पहल न केवल जिले बल्कि पूरे राज्य के लिए सुशासन, पारदर्शिता और ई-गवर्नेंस का अनुकरणीय मॉडल साबित हो रही है।



