जमशेदपुर महिला विश्वविद्यालय में विभिन्न विषयों के इंटर्नशिप कार्यक्रम की औपचारिक शुरुआत

छात्राओं को व्यावहारिक अनुभव दिलाने की दिशा में सराहनीय पहल
जमशेदपुर, 06 जुलाई : जमशेदपुर महिला विश्वविद्यालय में शनिवार को स्नातक स्तर की छात्राओं के इंटर्नशिप कार्यक्रम की औपचारिक शुरुआत की गई। विश्वविद्यालय के बिष्टुपुर कैंपस स्थित ऑडियो-विजुअल हॉल में आयोजित ओरिएंटेशन सत्र में “ग्राम और संस्कृति” विषय को केंद्र में रखते हुए मानविकी, समाजविज्ञान एवं विज्ञान संकाय की छात्राओं को इंटर्नशिप से संबंधित दिशा-निर्देश दिए गए।
कार्यक्रम की अध्यक्षता मानविकी संकायाध्यक्ष डॉ. सुधीर कुमार साहु ने की। उन्होंने संस्कृत, बंगला, ओड़िया, उर्दू और दर्शनशास्त्र विषयों की छात्राओं को इंटर्नशिप की उपयोगिता और उद्देश्यों से अवगत कराया। इस अवसर पर डॉ. रिजवाना परवीन, अमृता कुमारी और डॉ. जया घोष सहित अन्य शिक्षिकाएं उपस्थित रहीं।
इधर गृह विज्ञान विभाग की छात्राओं ने मणिपाल टाटा मेडिकल कॉलेज (MTMC) द्वारा संचालित अर्बन ट्रेनिंग सेंटर में दो माह की इंटर्नशिप की शुरुआत की। ओरिएंटेशन सत्र के दौरान डॉ. स्वाति शिखा ने पावर पॉइंट प्रेजेंटेशन के माध्यम से इंटर्नशिप की आगामी गतिविधियों की रूपरेखा प्रस्तुत की, जबकि डॉ. रोहित ने सामुदायिक पोषण के विभिन्न पहलुओं पर जानकारी साझा की। छात्राएं यह इंटर्नशिप डॉ. अभिषेक (एसोसिएट प्रोफेसर, कम्युनिटी मेडिसिन) के निर्देशन में पूर्ण करेंगी। प्रत्येक दो सप्ताह में छात्राएं अपने अनुभवों पर आधारित रिपोर्ट प्रस्तुत करेंगी। इस सत्र में डॉ. रमा सुब्रमण्यन, डॉ. पुष्प लता, संचिता और अन्य शिक्षिकाएं भी मौजूद थीं।
वाणिज्य विभाग की छात्राओं के लिए मार्केट रिसर्च पर केंद्रित एक विशेष ओरिएंटेशन सत्र का आयोजन किया गया। साथ ही, बॉटनी एवं जूलॉजी विभाग की छात्राओं ने टाटा स्टील जूलॉजिकल पार्क में दो माह की इंटर्नशिप प्रारंभ की। इस दौरान उपनिदेशक डॉ. नईम अख्तर ने छात्राओं से संवाद कर इंटर्नशिप की गतिविधियों की जानकारी दी। डॉ. सलोमी कुजूर और अनीता शुक्ला की उपस्थिति भी उल्लेखनीय रही।
बिष्टुपुर कैंपस के इंडोर स्टेडियम में अंग्रेज़ी, हिन्दी, भूगोल, मनोविज्ञान, वाणिज्य, अर्थशास्त्र, इतिहास एवं संगीत विषयों की इंटर्नशिप की शुरुआत अलग-अलग विषयवस्तु के साथ की गई।
अंग्रेज़ी: “प्रोफेशनल इंग्लिश राइटिंग विद एप्लिकेशन/मॉडर्न लिंग्विस्टिक्स एप्लिकेशन”
हिन्दी: “वास्तविक समय की स्थितियों में राष्ट्रभाषा का उपयोग”
भूगोल: “अर्थ, डेटा एंड डायरेक्शन”
मनोविज्ञान: “अंडरस्टैंडिंग माइंड्स: ए प्रैक्टिकल इंटर्नशिप इन चाइल्ड एंड क्लीनिकल साइकोलॉजी”
वाणिज्य: “कॉमर्स इन प्रैक्टिस: ए हैंड्स ऑन इंडस्ट्री इंटर्नशिप”
अर्थशास्त्र: “अप्लाइड इकोनॉमिक्स एंड डाटा टूल्स फॉर द रियल वर्ल्ड”
इतिहास: “हिस्ट्री इन प्रैक्टिस: कल्चर, क्राफ्ट एंड करैक्टर”
संगीत: “म्यूजिक इंडस्ट्री एंड स्किल्स: राइटिंग, प्रोडक्शन एंड परफॉर्मेंस”
इस बहुआयामी कार्यक्रम के अवसर पर डॉ. किश्वर आरा, डॉ. दीपा शरण, डॉ. कामिनी कुमारी, डॉ. ग्लोरिया पूर्ति, डॉ. सनातन दीप, डॉ. रत्ना मित्रा, डॉ. मनीषा टाइटस, डॉ. पुष्पा कुमारी सहित विश्वविद्यालय की अनेक शिक्षिकाएं एवं बड़ी संख्या में छात्राएं उपस्थित रहीं।
विश्वविद्यालय की यह पहल न केवल छात्राओं को व्यावसायिक दक्षता प्रदान करेगी, बल्कि उन्हें समाज, स्वास्थ्य, शिक्षा और तकनीकी क्षेत्रों की वास्तविकताओं से भी रूबरू कराएगी।



