अवैध पार्किंग पर होगी कार्रवाई – स्पीड गन लगाने की प्रक्रिया तेज करने को कहा
जमशेदपुर, 05 सितंबर : राष्ट्रीय राजमार्गों पर लगातार हो रही सड़क दुर्घटनाओं को रोकने और हादसे के बाद घायलों को तत्काल राहत उपलब्ध कराने के लिए जिला प्रशासन ने सड़क सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने की पहल की है। जिला दण्डाधिकारी सह उपायुक्त राजीव रंजन ने शनिवार को समाहरणालय सभागार में आयोजित डिस्ट्रिक्ट हाईवे सेफ्टी टास्क फोर्स की बैठक में संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
बैठक में उपायुक्त ने एनएच पर अवैध पार्किंग को गंभीरता से लेते हुए एनएचएआई अधिकारियों को ऐसे वाहनों की रियल टाइम फोटो-वीडियो और लोकेशन जिला परिवहन पदाधिकारी को उपलब्ध कराने को कहा, ताकि संबंधित वाहन मालिकों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जा सके। नो-पार्किंग जोन में पर्याप्त संख्या में स्पष्ट साइन बोर्ड लगाने और लोगों को यातायात नियमों के प्रति जागरूक करने का भी निर्देश दिया गया।
हादसे के बाद एंबुलेंस-क्रेन में देरी नहीं
दुर्घटना के बाद राहत एवं बचाव कार्य में देरी रोकने के लिए उपायुक्त ने एनएचएआई को एम्बुलेंस और क्रेन को दुर्घटनास्थल पर तत्काल भेजने की व्यवस्था सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। स्वास्थ्य विभाग को ट्रॉमा सेंटर, अनुमंडल अस्पताल घाटशिला तथा बालीगुमा और बेलाजुड़ी पीएचसी में सड़क हादसों में घायल लोगों के लिए आवश्यक उपचार व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा गया।
तेज रफ्तार पर लगेगी लगाम
उपायुक्त ने सड़क हादसों के प्रमुख कारणों में शामिल तेज गति पर नियंत्रण के लिए स्पीड गन लगाने की प्रक्रिया में तेजी लाने का निर्देश दिया। प्रमुख स्थानों पर स्पीड लिमिट और सड़क सुरक्षा संबंधी स्लोगन बोर्ड लगाने को भी कहा गया।
इसके अलावा हाईवे पर गड्ढों को चिह्नित कर प्राथमिकता के आधार पर मरम्मत कराने तथा ओडिशा जाने वाले मार्ग पर बहरागोड़ा ब्रिज के नीचे क्षतिग्रस्त सड़क की तत्काल मरम्मत का निर्देश दिया गया। चोइरा समेत अन्य स्थानों पर वे-साइड एमेनिटीज के कार्यों में भी समयबद्धता सुनिश्चित करने को कहा गया।
बैठक में उप विकास आयुक्त नागेंद्र पासवान, एसडीएम धालभूम अर्नव मिश्रा, अपर उपायुक्त अनुराग तिवारी, जिला परिवहन पदाधिकारी, ट्रैफिक डीएसपी, एमवीआई, पथ निर्माण विभाग, स्वास्थ्य विभाग और एनएचएआई के पदाधिकारी मौजूद थे।



