
ज्ञापन पर एसडीओ ने लिया संज्ञान, चांडिल अनुमंडल के चारों प्रखंडों के बीडीओ और अंचल अधिकारियों को त्वरित कार्रवाई का आदेश
चांडिल, 31 अक्टूबर : चांडिल अनुमंडल में जाति, आय, आवासीय और जन्म-मृत्यु प्रमाण पत्रों के लिए महीनों से कार्यालयों का चक्कर लगा रहे लोगों को राहत मिलने की उम्मीद जगी है। जिला परिषद उपाध्यक्ष मधुश्री महतो की पहल पर अनुमंडल प्रशासन ने मामले को गंभीरता से लेते हुए लंबित आवेदनों के त्वरित निष्पादन का निर्देश जारी किया है।
दरअसल, जिला परिषद उपाध्यक्ष मधुश्री महतो ने पिछले दिनों इस समस्या को लेकर अनुमंडल पदाधिकारी को ज्ञापन सौंपा था। उन्होंने अपने ज्ञापन में बताया था कि चांडिल अनुमंडल के विभिन्न प्रखंडों में जाति, आय, आवासीय और जन्म-मृत्यु प्रमाण पत्रों के आवेदन लंबे समय से लंबित हैं। प्रमाण पत्र नहीं बनने के कारण छात्र-छात्राओं के साथ आम लोगों को भी सरकारी योजनाओं का लाभ लेने में परेशानी हो रही है। विशेषकर ई-कल्याण छात्रवृत्ति के लिए आवेदन की अंतिम तिथि 31 अक्टूबर निर्धारित होने के कारण विद्यार्थियों के सामने समय पर प्रमाण पत्र उपलब्ध कराने की चुनौती थी।
मधुश्री महतो के ज्ञापन पर संज्ञान लेते हुए अनुमंडल पदाधिकारी ने 29 अक्टूबर को बाकायदा सरकारी पत्र जारी कर चांडिल, नीमडीह, ईचागढ़ और कुकड़ू के प्रखंड विकास पदाधिकारियों एवं अंचल अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिया है। पत्र में लंबित प्रमाण पत्रों के आवेदनों की विधिवत जांच कर नियमानुसार उनका त्वरित निष्पादन सुनिश्चित करने को कहा गया है।
प्रशासनिक स्तर पर हुई इस कार्रवाई के बाद मधुश्री महतो की पहल की सराहना हो रही है। स्थानीय लोगों का कहना है कि जनप्रतिनिधियों की जिम्मेदारी केवल बैठकों और कार्यक्रमों तक सीमित नहीं होनी चाहिए, बल्कि उन्हें जनता की रोजमर्रा की समस्याओं को समझकर उसके समाधान के लिए प्रशासन तक आवाज पहुंचानी चाहिए। लोगों ने कहा कि जमीनी समस्याओं को उठाकर उस पर कार्रवाई सुनिश्चित कराने वाले जनप्रतिनिधियों की ही आज जरूरत है।