झारखंड में शीतलहर का खतरा बढ़ा, मौसम विभाग ने कई जिलों के लिए जारी किया राज्यस्तरीय अलर्ट

तापमान में लगातार गिरावट, 17 नवंबर तक असर तेज होने की संभावना
रांची, 14 नवंबर : झारखंड में शीतलहर का असर तेजी से बढ़ने की संभावना को देखते हुए मौसम विज्ञान केंद्र, रांची ने राज्यभर के लिए चेतावनी जारी की है। विभाग द्वारा जारी मानचित्र के अनुसार राज्य के पश्चिमी एवं मध्य हिस्सों— विशेषकर रांची, लोहरदगा, गुमला, लातेहार, चतरा, हज़ारीबाग, रामगढ़, खूंटी, सिमडेगा और पलामू सहित कुल 15 जिलों को ‘येलो अलर्ट’ (Watch/Be Updated) श्रेणी में रखा गया है। इन जिलों में अगले तीन दिनों के दौरान न्यूनतम तापमान में भारी गिरावट दर्ज होने की संभावना है।
वहीं, पूर्वी एवं उत्तर-पूर्वी हिस्सों— धनबाद, बोकारो, पूर्वी सिंहभूम, पश्चिम सिंहभूम, देवघर, दुमका, गोड्डा, पाकुड़, जामताड़ा, साहिबगंज और गिरिडीह जिलों में कोई बड़ा अलर्ट नहीं जारी किया गया है, हालांकि सामान्य ठंड बढ़ने के संकेत हैं।
मौसम विभाग का पूर्वानुमान
मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार झारखंड में आगामी तीन दिनों तक शीतलहर का व्यापक असर रहेगा। न्यूनतम तापमान 7°C से 10°C के बीच रहने की संभावना। कई जिलों में अगले 48 घंटों में तापमान और नीचे जा सकता है। 17 नवंबर तक राज्य के पश्चिमी इलाकों में तेज शीतलहर जैसी स्थिति बन सकती है। सुबह और देर शाम के समय घना कोहरा बढ़ने की आशंका जताई जा रही है।
राज्य सरकार और जिला प्रशासन सतर्क
प्रदेश के सभी जिला के प्रशासन को मौसम पूर्वानुमान के मद्देनज़र सतर्क रहने और स्थानीय स्तर पर आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दिए गए हैं। जिन जिलों में येलो अलर्ट है, वहां विशेष निगरानी, अलाव की व्यवस्था और संवेदनशील क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं को सक्रिय करने के निर्देश दिए गए हैं।
नागरिकों के लिए जारी सावधानियाँ
राज्य सरकार एवं मौसम विभाग ने लोगों से अपील की है कि वे ठंड से बचाव के लिए जरूरी सावधानियाँ अपनाएँ—
सुबह और रात्रि में बाहर निकलते समय गर्म कपड़े अनिवार्य रूप से पहनें। बच्चों, बुजुर्गों और बीमार व्यक्तियों को ठंड से विशेष सुरक्षा दें।अलाव या हीटर का उपयोग सुरक्षित तरीके से करें, कमरे में धुआँ जमा न होने दें। कोहरे की स्थिति में वाहन की गति नियंत्रित रखें और हेडलाइट का सही उपयोग करें। मौसम विभाग द्वारा जारी अपडेट पर निरंतर नज़र रखें।
झारखंड में ठंड का प्रभाव बढ़ने लगा
बदलते मौसम और उत्तर भारत से आने वाली ठंडी हवाओं के कारण झारखंड में सर्दी के तेवर तेज हो रहे हैं। कई जिलों में सुबह-शाम ठंडी हवा और हल्की धुंध का प्रभाव देखा जा रहा है। यदि तापमान लगातार गिरता रहा तो राज्य के कुछ हिस्सों में नवंबर के तीसरे सप्ताह में कड़ाके की ठंड की स्थिति बन सकती है।
राज्य सरकार ने नागरिकों से अपील की है कि बदलते मौसम को देखते हुए सतर्क रहें, अनावश्यक यात्रा से बचें और स्वास्थ्य का ध्यान रखें।



