जंगली हाथी मामले में वन विभाग की नाकामी पर बढ़ता जा रहा जन आक्रोश

चांडिल, 23 अगस्त : चांडिल अनुमंडल क्षेत्र में जगली हाथी का उत्पात बदस्तूर जारी है। अनुमंडल क्षेत्रों के गांवों में दहशत का माहौल है। एक जंगली हाथी बीते कई दिनों से खेत और घरों को तबाह कर रहा है, लेकिन वन विभाग अब तक उसे वापस जंगल की ओर खदेड़ नहीं पाया है। इस बात को लेकर ग्रामीणों में असंतोष का माहौल है। क्षेत्र में जन आक्रोश बढ़ता जा रहा है। झुंउ से अलग घुम रहा दंतैल हाथी बीती रात मुरुगडीह और आसपास क्षेत्र के घुम रहा था। हाथी ने नेताजी क्लब मुरुगडीह के फुटबॉल मैदान में लगे गोलपोस्ट को तोड़कर तहस-नहस कर दिया है। लोगों का कहना है कि जंगली हाथी लगातार गांवों में घुसकर फसलों को नष्ट कर रहे हैं, घरों को नुकसान पहुंचा रहे हैं। वन विभाग द्वारा जगली हाथी मामले में उचित सुरक्षा उपाय न किए जाने से भी लोगों में असंतोष है।
आठ सितंबर को होगा धरना-प्रदर्शन
जंगली हाथी समस्या के समाधान की मांग को लेकर ग्रामीण आठ सितंबर को वन विभाग कार्यालय के समक्ष धरना-प्रदर्शन करेंगे। इसको लेकर लोगों के बीच संपर्क अभियान चलाया जा रहा है। ग्रामीणों की मांग है कि जल्द से जल्द हाथी को सुरक्षित जंगल में वापस भेजा जाए, गांवों की सुरक्षा के लिए विशेष टीम तैनात की जाए और नुकसान की भरपाई की जाए। ग्रामीणों का कहना है कि लोग रात को सो नहीं पा रहे है, बच्चे स्कूल नहीं जा पा रहे हैं, गरीबों को रोजी-रोटी कमाने के लिए घर से बाहर निकलना मुश्किल हो गया है और विभाग सिर्फ बयान दे रही है। विभाग स्थिति को नियंत्रित करने और स्थायी समाधान प्रदान करने में विफल रहा है। वन विभाग हाथियों के बढ़ते आतंक को रोकने के लिए कोई ठोस और स्थायी समाधान नहीं निकाल पाया है।



