चांडिल, 28 अक्टूबर : सरायकेला-खरसावां जिले के चांडिल थाना क्षेत्र स्थित स्वर्णरेखा नदी के शहरबेड़ा छठ घाट पर हुए दर्दनाक हादसे ने पूरे क्षेत्र को शोक में डुबो दिया है। मंगलवार को ईचागढ़ की विधायक सविता महतो स्वयं शहरबेड़ा छठ घाट पहुंचीं और घटना स्थल का निरीक्षण किया। उन्होंने हादसे से प्रभावित परिवारों से मुलाकात कर संवेदना व्यक्त की तथा हरसंभव सहायता का भरोसा दिलाया।
विधायक ने कहा कि पूरे झारखंड में छठ महापर्व शांतिपूर्ण और श्रद्धापूर्ण माहौल में संपन्न हुआ, लेकिन शहरबेड़ा घाट पर हुई यह त्रासदी बेहद पीड़ादायक है। उन्होंने कहा कि प्रशासन ने सुरक्षा और सुविधा की दिशा में पूरी कोशिश की थी, इसके बावजूद यह दुखद घटना हुई, जो सभी के लिए मर्माहत करने वाली है। इसे एक दुर्घटना मानकर, सबक लेने की जरूरत है।
सविता महतो ने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए समुचित उपाय किए जाएं। उन्होंने सुझाव दिया कि जिले के सभी घाटों और जलाशयों का जोखिम मूल्यांकन (Risk Assessment) कर असुरक्षित स्थलों को चिन्हित किया जाए। उन्होंने कहा कि यदि कोई घाट अत्यंत असुरक्षित पाया जाता है तो वहां स्थायी रूप से पूजा-अनुष्ठान पर रोक लगाई जाए, ताकि किसी भी स्थिति में श्रद्धालुओं की जान को खतरा न हो।
विधायक ने यह भी कहा कि न केवल छठ पर्व बल्कि अन्य धार्मिक आयोजनों के अवसर पर भी, जैसे कि करम पर्व, जितिया पूजा, मकर संक्रांति आदि में भी ऐसे हादसे होते हैं। इसलिए वैसे सभी असुरक्षित घाटों को चिन्हित करते हुए उन्हें स्थायी रूप से बंद किया जाए।
कैसे हुआ था हादसा:
सोमवार की शाम संध्या अर्घ्य के दौरान डिमना निवासी नाबालिग आर्यन यादव स्वर्णरेखा नदी में स्नान के दौरान गहरे पानी में बह गया। उसे बचाने के लिए आदित्यपुर के संजय यादव और प्रतीक यादव भी नदी में कूद पड़े, लेकिन तीनों की ही डूबने से मौत हो गई। बचाव के प्रयास में शामिल एक पुलिसकर्मी ने भी जान जोखिम में डालकर कोशिश की, लेकिन वह असफल रहा।
घटना की सूचना मिलते ही उपायुक्त नितीश कुमार सिंह और पुलिस अधीक्षक मुकेश कुमार लुणायत मौके पर पहुंचे और राहत-बचाव कार्य का नेतृत्व किया। देर रात तक स्थानीय गोताखोरों ने आर्यन यादव का शव बरामद कर लिया, जबकि मंगलवार सुबह एनडीआरएफ की टीम ने संजय यादव का शव खोज निकाला। तीसरे युवक की तलाश अभी भी जारी है।
अनुमंडल पदाधिकारी विकास राय के नेतृत्व में चांडिल पुलिस, एनडीआरएफ एवं स्थानीय गोताखोरों द्वारा लगातार तीसरे युवक की खोजबीन की जा रही है। संभावना जताई जा रही हैं कि गहरे पानी के अंदर किसी बड़े चट्टान के बीच में शव फंस गया है।
विधायक सविता महतो ने मृतकों के परिजनों से मुलाकात कर गहरी संवेदना व्यक्त की और कहा कि प्रशासन व झारखंड सरकार पीड़ित परिवारों के साथ है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि ऐसी घटनाएं दोबारा न हों, इसके लिए ठोस कदम उठाए जाएंगे। इस मौके पर झामुमो केंद्रीय सदस्य क़ाबलू महतो, पूर्व जिला परिषद ओम प्रकाश लायक आदि मौजूद हैं।