विश्व आदिवासी दिवस की तैयारी को लेकर खूंटी पंचायत भवन में हुई बैठक

MANBHUM UPDATES
3 Min Read

विश्व आदिवासी दिवस की तैयारी को लेकर खूंटी पंचायत भवन में हुई बैठक

पारंपरिक परिधान और सांस्कृतिक रैली से सजेगा चांडिल

चांडिल, 27 जुलाई : विश्व आदिवासी दिवस (9 अगस्त) की भव्य तैयारी को लेकर रविवार को खूंटी पंचायत भवन में एक महत्वपूर्ण बैठक का आयोजन किया गया। बैठक की अध्यक्षता संजीव टुडू (मांझी बाबा) ने की, जिसमें क्षेत्र के विभिन्न आदिवासी संगठनों के प्रतिनिधि, जनप्रतिनिधि एवं समाजसेवी बड़ी संख्या में उपस्थित हुए।

बैठक में आदिवासी अस्मिता, सांस्कृतिक धरोहर और सामाजिक चेतना को केंद्र में रखकर इस वर्ष का कार्यक्रम और रैली का खाका तैयार किया गया। विशेष रूप से यह निर्णय लिया गया कि आगामी 9 अगस्त को विश्व आदिवासी दिवस के अवसर पर पारंपरिक वेशभूषा, ढोल-नगाड़ा, मांदर और नृत्य दलों के साथ एक भव्य मोटरसाइकिल रैली और पदयात्रा का आयोजन किया जाएगा।

रैली मार्ग निर्धारण इस प्रकार किया गया :

चांडिल प्रखंड के मातकोमडीह और धुनाबुरू पंचायत की रैली दोपहर 2 बजे तक खूंटी हाटतोला पहुंचेगी। उधर, ईचागढ़ और कुकड़ू प्रखंड से भी सहभागिता करते हुए, रैली दोपहर 2 बजे तक खूंटी हाटतोला पहुंचेगी। वहीं, आसनबनी पंचायत से NH-33 होते हुए चांडिल गोलचक्कर तक रैली पहुंचेगी। नीमडीह प्रखंड से रैली चांडिल स्टेशन तक पहुंचेगी।

इसके पश्चात खूंटी हाटतोला से चौका होते हुए रैली फूलो-झानो चौक पहुंचेगी, जहां स्थित वीरांगनाओं की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया जाएगा। इसके उपरांत घोड़ानेगी बाईपास रोड से गुजरते हुए रैली चांडिल स्टेशन, चांडिल बाजार होते हुए सिदो-कान्हू चौक पहुंचेगी, जहां इन शहीदों की प्रतिमा पर श्रद्धासुमन अर्पित कर एक जनसभा का आयोजन होगा।

पारंपरिक गौरव और सांस्कृतिक उत्सव

इस पूरे आयोजन में आदिवासी समाज की सांस्कृतिक विरासत का जीवंत प्रदर्शन होगा। महिलाएं-पुरुष पारंपरिक परिधान में सजकर ढोल-मांदर की थाप पर नृत्य करेंगे। यह आयोजन न केवल उत्सव होगा, बल्कि अपनी पहचान, अधिकार और संघर्षों की पुनः अभिव्यक्ति भी होगी।

बैठक में प्रमुख रूप से जिला परिषद सदस्य सबिता मार्डी, सुखराम बेसरा, श्यामल मार्डी, कर्मु मार्डी, दिलीप किस्कू, सत्य नारायण मुर्मू, सुखलाल पहाड़िया, सुचांद उरांव, डोमन बासके, गुरुचरण लोहार, शिबू मुंडा, सजीव टुडू (मांझी बाबा), महेंद्र टुडू (मांझी बाबा), पशुपति सिंह सरदार, विनय मुर्मू, बुद्धेश्वर टुडू, आजाद शेखर मांझी, बिष्णु सोरेन (मांझी बाबा), राजू किस्कू समेत सहित अन्य लोग मौजूद थे।

इस अवसर पर आदिवासी समाज के अगुवा सदस्यों ने बताया कि यह आयोजन आदिवासी समुदाय की चेतना, एकजुटता और सांस्कृतिक विरासत का भव्य प्रदर्शन होगा। 9 अगस्त को चांडिल क्षेत्र आदिवासियत की गूंज और परंपरा की थाप से गूंज उठेगा।

Share This Article