बाल तस्करी के खिलाफ 15 दिवसीय जागरूकता अभियान का शुभारंभ, गांव-गांव होगी बच्चों की पहचान
पटमदा, 15 जुलाई : पूर्वी सिंहभूम जिले के पटमदा प्रखंड की कमलपुर पंचायत से बुधवार को 15 दिवसीय “बाल तस्करी से आजादी” जन-जागरूकता अभियान का शुभारंभ किया गया। जिला बाल संरक्षण इकाई, पूर्वी सिंहभूम के मार्गदर्शन में बाल कल्याण संघ एवं मिरेकल फाउंडेशन इंडिया के संयुक्त तत्वावधान में चलाया जा रहा यह अभियान 30 जुलाई (विश्व मानव तस्करी विरोध दिवस) तक प्रखंड के विभिन्न पंचायतों एवं गांवों में संचालित होगा।
अभियान का उद्देश्य बाल तस्करी, बाल श्रम एवं विद्यालय से ड्रॉपआउट बच्चों की पहचान कर उन्हें शिक्षा की मुख्यधारा से जोड़ना तथा समुदाय को बाल संरक्षण के प्रति जागरूक बनाना है। इस दौरान रैली, जागरूकता सभा, नुक्कड़ नाटक, घर-घर संपर्क अभियान, दीवार लेखन एवं ग्राम स्तरीय बैठकों के माध्यम से लोगों को जागरूक किया जाएगा। साथ ही चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 एवं आपातकालीन सेवा 112 का व्यापक प्रचार-प्रसार भी किया जाएगा।
समाजसेवी विश्वनाथ महतो ने कहा कि बच्चों की सुरक्षा समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है। यदि कोई बच्चा बाल श्रम में संलिप्त है, स्कूल से बाहर है या संदिग्ध परिस्थितियों में बाहर भेजा जा रहा है, तो इसकी सूचना तत्काल प्रशासन एवं चाइल्ड हेल्पलाइन को देनी चाहिए। कमलपुर पंचायत की मुखिया जमीनी बेसरा ने कहा कि पंचायत स्तर पर सभी के सहयोग से बाल तस्करी, बाल श्रम एवं स्कूल ड्रॉपआउट जैसी समस्याओं को समाप्त करने का हरसंभव प्रयास किया जाएगा।
कार्यक्रम में मुखिया जामीनी बेसरा, पंचायत सचिव प्रमोदलाल विश्वकर्मा, शिक्षक साबिर हुसैन, आदित्य गोराई, साहिया सरिता रूहीदास, उत्तम कुमार महतो, माणिक चंद्र बेसरा, अभियान के कॉर्डिनेटर तपन कुमार महतो, जितेंद्र मुर्मू, अजीत रूहीदास, प्रवीर महतो, सुखेन महतो सहित पंचायत प्रतिनिधि, आंगनबाड़ी सेविकाएं, स्वयं सहायता समूह की महिलाएं, ग्रामीण एवं विद्यालय के सभी छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे। सभी ने बाल तस्करी मुक्त, बाल श्रम मुक्त एवं स्कूल ड्रॉपआउट मुक्त पंचायत” बनाने का सामूहिक संकल्प लिया।